अहमदाबाद, 20 मार्च 2026 – अहमदाबाद क्राइम ब्रांच ने दोपहर के समय एक बड़ा ऑपरेशन चलाकर सूरत के स्वघोषित योग गुरु प्रदीप जोतांगिया उर्फ प्रदीप गुरुजी समेत सात लोगों को गिरफ्तार कर लिया। इनके कब्जे से ₹2.10 करोड़ मूल्य के उच्च गुणवत्ता वाले नकली ₹500 के नोट जब्त किए गए। कुल जब्ती विभिन्न स्थानों से मिलाकर ₹2.38 करोड़ तक पहुंच गई।

पुलिस को विश्वसनीय सूचना मिली थी कि सूरत से नकली नोटों की बड़ी खेप अहमदाबाद लाई जा रही है। सुबह से ही 24 पुलिसकर्मियों की टीम ने अमराईवाड़ी इलाके में निगरानी शुरू कर दी। दोपहर करीब 3 बजे जब वर्णन के अनुसार सफेद फॉर्च्यूनर गाड़ी (GJ-05-RS-5252) दिखी, तो पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की और गाड़ी को रोक लिया। गाड़ी में छिपाकर रखे काले बैग और पैकेट से नकली नोट बरामद हुए।

गिरफ्तार आरोपियों में प्रदीप जोतांगिया (प्रदीप गुरुजी), मुकेश ठुम्मर, अशोक मावाणी, रमेश भालर, दिव्येश राणा, भरत काकड़िया और एक महिला शामिल हैं। सभी सूरत के निवासी हैं। पूछताछ के दौरान प्रदीप गुरुजी ने दार्शनिक अंदाज में कहा, “मेरा ही कर्म मुझे यहां लाया है”।
जांच में पता चला कि यह रैकेट पिछले चार महीनों से चल रहा था। नकली नोट सूरत के कमरेज तालुका के धोरन पाड़ी गांव में श्री सत्यम योग फाउंडेशन के आश्रम से जुड़े परिसर में छापे जा रहे थे। आरोपी चाइना से मंगवाए गए विशेष सिक्योरिटी थ्रेड पेपर, प्रिंटर, कटर और अन्य उपकरणों का इस्तेमाल कर रहे थे। डिजाइन बनाने में AI टूल्स जैसे ChatGPT और फोटो एडिटिंग सॉफ्टवेयर का सहारा लिया गया था। गाड़ी पर “Government of India” और “Ministry of AYUSH” के misleading लोगो और “VVVIP” स्टिकर लगाए गए थे ताकि संदेह न हो।
क्राइम ब्रांच के डिप्टी कमिश्नर अजीत राजियन ने बताया कि यह गुजरात में चल रहे नकली मुद्रा नेटवर्क को बड़ा झटका है। सूरत में छापेमारी कर प्रिंटिंग यूनिट भी जब्त की गई, जहां से अतिरिक्त ₹28 लाख के नकली नोट, 16 रीम सिक्योरिटी पेपर, लैपटॉप, काउंटिंग मशीन आदि बरामद हुए।
यह मामला दर्शाता है कि कैसे कुछ लोग योग और आध्यात्मिकता के भरोसेमंद मुखौटे के पीछे अपराध की साजिश रचते हैं। स्थानीय लोग गुरुजी को सिर्फ वेलनेस क्लास और मोटिवेशनल सेशन के लिए जानते थे, लेकिन अब यह खुलासा सबको स्तब्ध कर गया है। पुलिस आगे की जांच में सप्लाई चेन, वित्तीय लेन-देन और संभावित अंतरराज्यीय/अंतरराष्ट्रीय कड़ियों की तलाश कर रही है। अधिक गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
